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प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना 2024 (PM-MKSSY) | PM Matsya Kisan Samridhi Saha Yojana

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मत्स्य पालन क्षेत्र को मजबूत करने और औपचारिक बनाने के लिए एक नई योजना को मंजूरी दी। जिसका नाम है प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना। योजना का बजट ₹6,000 करोड़ रुपए है। यह प्रणाली न केवल मछुआरों और जलीय कृषि श्रमिकों को, बल्कि जलीय कृषि किसानों को भी लागत प्रभावी वित्तीय लाभ प्रदान करती है। इस प्रणाली से घरेलू बाजार में समुद्री भोजन की गुणवत्ता में सुधार होगा। इसके अलावा 1 लाख नई नौकरियाँ पैदा होने की उम्मीद है।

Table of Contents

PM Matsya Kisan Samridhi Saha Yojana

योजना का नामप्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना (PM-MKSSY)
शुरू की गईकेंद्र सरकार द्वारा  
लाभार्थीमछली और मत्स्य पालन करने वाले नागरिक  
उद्देश्यमत्स्य पालन क्षेत्र को औपचारिक बनाना और मत्स्य पालन से जुड़े सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों को समर्थन देना
बजट राशि6,000 करोड़ रुपए  
श्रेणीकेंद्र सरकारी योजना  
आवेदन प्रक्रियाऑनलाइन ऑफलाइन  
आधिकारिक वेबसाइटजल्द लॉन्च होगी  

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना क्या हैं?

केंद्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा के तहत एक केंद्रीय क्षेत्र की उप योजना प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना को मंजूरी दी गई है। इस योजना के माध्यम से मत्स्य पालन क्षेत्र के सूक्ष्म और लघु उद्यमों को घरेलू बाजार में मछली और मत्स्य उत्पादों की गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए 6000 करोड़ रुपए से अधिक का निवेश सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में अगले 4 वर्षों में किया जाएगा।

इस 6000 करोड़ रुपए की योजना से जल कृषि बीमा को बढ़ावा देने में सहायता मिलेगी। सरकार द्वारा प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना के माध्यम से जल कृषि करने वाले किसानों के साथ ही मछली पालन से जुड़े हुए लोगों को सस्ते लोन की सुविधा दी जाएगी।

मत्स्य पालन से जुड़े लोगों को आसान लोन मिलने से घरेलू बाजारों का विस्तार होगा जिससे घरेलू बाजार में मछली और मत्स्य उत्पादक गुणवत्ता में सुधार आएगा। इस योजना के माध्यम से मत्स्य पालन क्षेत्र में लोगों के लिए बेहतर लोन की पहुंच सुनिश्चित होगी और इससे जुड़े बुनियादी ढांचे के निर्माण को बढ़ावा मिलेगा।

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना के उद्देश्य

  • मत्स्य पालन क्षेत्र का क्रमिक औपचारिकीकरण: मछुआरों और मछली किसानों को औपचारिक अर्थव्यवस्था में लाकर उन्हें वित्तीय सहायता और अन्य लाभों तक बेहतर पहुंच प्रदान करना।
  • मत्स्य पालन क्षेत्र के सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों को संस्थागत वित्तपोषण तक पहुंच: बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा मछली पालन उद्योगों को ऋण प्रदान करने के लिए प्रोत्साहित करना।
  • मछली उत्पादन और उत्पादकता में वृद्धि: बेहतर तकनीकों और बुनियादी ढांचे के माध्यम से मछली उत्पादन और उत्पादकता में वृद्धि करना।
  • मछुआरों और मछली किसानों की आय में वृद्धि: मूल्य श्रृंखला में सुधार और बेहतर विपणन सुविधाओं के माध्यम से मछुआरों और मछली किसानों की आय में वृद्धि करना।
  • रोजगार सृजन: मत्स्य पालन क्षेत्र में रोजगार के अवसरों का सृजन करना।

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह–योजना 2024 के लक्ष्य

  • नेशनल फिशरीज डिजिटल प्लेटफॉर्म के तहत मछुआरों, मछली किसानों और सहायक श्रमिकों के स्वयं पंजीकरण की मदद से मछली श्रमिकों की कार्य आधारित डिजिटल पहचान तैयार की जाएगी।
  • मत्स्य पालन से जुड़े सूक्ष्म और लघु उद्यमों को संस्थागत वित्तपोषण तक पहुंच की सुविधा प्रदान करना।   
  • लाभार्थियों को बीमा खरीदने के लिए एकमुश्त प्रोत्साहन प्रदान करना।
  • नौकरियों के निर्माण और रखरखाव समेत मछली पालन क्षेत्र की मूल्य श्रृंखला दक्षता में सुधार के लिए प्रदर्शन अनुदान के माध्यम से छोटी और माइक्रो यूनिट को प्रोत्साहित करना।
  • नौकरियों के सृजन और देखरेख सहित मछली व मत्स्य उत्पाद सुरक्षा और गुणवत्ता प्रणालियों को अपनाने के साथ ही उनके विस्तार के लिए प्रदर्शन अनुदान के माध्यम से सूक्ष्म और लघु उद्यमों को प्रोत्साहित करना। 

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना के लक्षित लाभार्थी

  • मछुआरे, मछली किसान, मछली श्रमिक, मछली विक्रेता या ऐसे अन्य व्यक्ति जो सीधे मत्स्य पालन मूल्य श्रृंखला से जुड़े हुए हैं।
  • मछली किसान उत्पादक संगठनों (FFPO) में किसान उत्पादक संगठन भी शामिल रहेंगे।
  • मालिकाना फॉर्म, साझेदारी फॉर्म, भारत में पंजीकृत कंपनियों, सोसायटी, समिति देयता भागीदारी, सहकारी समितियों जैसे ग्राम स्तरीय संगठनों के रूप में सूक्ष्म और एवं मत्स्य पालन व जलीय कृषि मूल्य श्रृंखला में लगे स्टार्ट अप।
  • अन्य कोई लाभार्थी जिन्हें भारत सरकार के मत्स्य पालन विभाग द्वारा लक्षित लाभार्थियों के रूप में शामिल किया जा सकता है। 

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना के लाभ

  • ऋण पर ब्याज सब्सिडी: मछली पालन उद्योगों के लिए ऋण पर ब्याज सब्सिडी प्रदान करना।
  • मछली पालन उपकरणों पर सब्सिडी: मछुआरों और मछली किसानों को बेहतर मछली पालन उपकरणों की खरीद के लिए सब्सिडी प्रदान करना।
  • मछली पालन प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण कार्यक्रम: मछुआरों और मछली किसानों को बेहतर मछली पालन तकनीकों और व्यवसाय प्रबंधन के बारे में प्रशिक्षण प्रदान करना।
  • मछली बीमा योजना: मछुआरों और मछली किसानों को बीमा योजनाओं तक पहुंच प्रदान करना।
  • मछली विपणन के लिए सहायता: मछुआरों और मछली किसानों को उनकी मछली का बेहतर विपणन करने में मदद करना।
  • मछली पालन के लिए डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म: मछुआरों और मछली किसानों को जानकारी और सेवाओं तक पहुंच प्रदान करने के लिए डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म विकसित करना।
  • मछली पालन मूल्य श्रृंखला में सुधार: मछली पालन मूल्य श्रृंखला में सुधार के लिए पहल करना।

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना की विशेषताएं

  • 40 लाख सूक्ष्म और लघु उद्यमों को सहायता: यह योजना मत्स्य पालन क्षेत्र में 40 लाख सूक्ष्म और लघु उद्यमों को सहायता प्रदान करेगी।
  • 6000 करोड़ रुपये का निवेश: योजना में 4 वर्षों में 6000 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा।
  • मत्स्य पालन क्षेत्र का औपचारिकीकरण: मछुआरों और मछली किसानों को औपचारिक अर्थव्यवस्था में लाकर उन्हें वित्तीय सहायता और अन्य लाभों तक बेहतर पहुंच प्रदान करना।
  • संस्थागत वित्तपोषण तक पहुंच: बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा मछली पालन उद्योगों को ऋण प्रदान करने के लिए प्रोत्साहित करना।
  • मछली उत्पादन और उत्पादकता में वृद्धि: बेहतर तकनीकों और बुनियादी ढांचे के माध्यम से मछली उत्पादन और उत्पादकता में वृद्धि करना।
  • मछुआरों और मछली किसानों की आय में वृद्धि: मूल्य श्रृंखला में सुधार और बेहतर विपणन सुविधाओं के माध्यम से मछुआरों और मछली किसानों की आय में वृद्धि करना।
  • रोजगार सृजन: मत्स्य पालन क्षेत्र में रोजगार के अवसरों का सृजन करना।
  • महिला सशक्तिकरण: महिलाओं को मछली पालन उद्यमों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करना।
  • तकनीकी सहायता: मछुआरों और मछली किसानों को बेहतर मछली पालन तकनीकों के बारे में प्रशिक्षण प्रदान करना।
  • मछली बीमा योजना: मछुआरों और मछली किसानों को बीमा योजनाओं तक पहुंच प्रदान करना।
  • मछली विपणन के लिए सहायता: मछुआरों और मछली किसानों को उनकी मछली का बेहतर विपणन करने में मदद करना।
  • डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म: मछुआरों और मछली किसानों को जानकारी और सेवाओं तक पहुंच प्रदान करने के लिए डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म विकसित करना।
  • मछली पालन मूल्य श्रृंखला में सुधार: मछली पालन मूल्य श्रृंखला में सुधार के लिए पहल करना।
  • अनुसंधान और विकास: मछली पालन क्षेत्र में अनुसंधान और विकास को बढ़ावा देना।
  • पर्यावरणीय स्थिरता: मछली पालन के स्थायी तरीकों को बढ़ावा देना।

PM MKSSY के लिए पात्रता

  • PM MKSSY के तहत आवेदन करने के लिए उम्मीदवार को भारत का नागरिक होना चाहिए।
  • जल कृषि करने वाले किसानों के साथ-साथ मछुआरा और मछली पालन करने वाले लोग इस योजना के लिए पात्र होंगे।
  • मत्स्य पालन क्षेत्र के सूक्ष्म एवं लघु उद्यमी योजना के लिए पात्र होंगे।
  • इस योजना के लिए महिलाएं भी पात्र होगी।
  • मछली किसान उत्पादक संगठनों के साथ-साथ किसान उत्पादक संगठन भी इस योजना के लिए पात्र होंगे।
  • आवेदक का बैंक खाता आधार कार्ड से लिंक होना चाहिए।

PM Matsya Kisan Samridhi Saha Yojana के लिए आवश्यक दस्तावेज़

  • आधार कार्ड
  • निवास प्रमाण पत्र
  • आय प्रमाण पत्र
  • बैंक खाता पासबुक
  • मोबाइल नंबर
  • पासपोर्ट साइज फोटो

PM Matsya Kisan Samridhi Saha Yojana की आधिकारिक वेबसाइट

अभी सरकार ने इस योजना की सिर्फ घोषणा ही हुई है इसलिए इसकी आधिकारिक वेबसाइट अभी लॉन्च नहीं हुई है। जैसे ही हमें इसके बारे में जानकारी मिलेगी हम आपको इस लेख में अपडेट कर देंगे।

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना में आवेदन कैसे करें

केंद्र सरकार ने ऐसी कोई भी जानकारी जारी नहीं की है जिससे प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना आवेदन कर सके। सरकार इस योजना पर सिर्फ 6,000 करोड़ रुपये खर्च करने पर सहमत हुई है। जैसे ही सरकार द्वारा इस योजना के तहत आवेदन से संबंधित जानकारी प्रकाशित की जाती है हम आपको इस लेख में अपडेट कर देंगे ताकि आप इस योजना के तहत आवेदन कर लाभ प्राप्त कर सकें। फिलहाल इस योजना के लागू होने के लिए आपको इंतजार करना होगा।

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना का हेल्पलाइन नंबर

अभी इस योजना की सिर्फ घोषणा ही हुई है इसलिए सरकार ने अभी कोई सा भी हेल्पलाइन नंबर नहीं निकला है। जैसे ही हमें इसके बारे में जानकारी मिलेगी हम आपको इस लेख में अपडेट कर देंगे।

होमपेजयहां क्लिक करें
अधिकारिक वेबसाइटजल्द लॉन्च होगी

FAQs

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना क्या हैं?

केंद्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा के तहत एक केंद्रीय क्षेत्र की उप योजना प्रधानमंत्री मत्स्य किसान सह-योजना को मंजूरी दी गई है। इस योजना के माध्यम से मत्स्य पालन क्षेत्र के सूक्ष्म और लघु उद्यमों को घरेलू बाजार में मछली और मत्स्य उत्पादों की गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए 6000 करोड़ रुपए से अधिक का निवेश सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में अगले 4 वर्षों में किया जाएगा।

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना का लाभ किसे मिलेगा?

देश में मत्स्य पालन से जुड़े लोगों को। 

PM MKSSY के अंतर्गत कितनी महिलाओं को रोजगार मिलेगा?

75,000 महिलाओं को। 

PM Matsya Kisan Samridhi Saha Yojana को कितने सालों तक संचालित किया जाएगा?

PM Matsya Kisan Samridhi Saha Yojana को 4 सालों 2026-27 तक संचालित करने के लिए 6000 करोड़ रुपए का निवेश किया जाएगा। 

प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना का हेल्पलाइन नंबर क्या हैं?

अभी इस योजना की सिर्फ घोषणा ही हुई है इसलिए सरकार ने अभी कोई सा भी हेल्पलाइन नंबर नहीं निकला है। जैसे ही हमें इसके बारे में जानकारी मिलेगी हम आपको इस लेख में अपडेट कर देंगे।

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